गुलमोहर पार्क के पास हुआ हमला, नागरिकों में डर और आक्रोश
बरेली: बरेली में आवारा कुत्तों के बढ़ते उत्पात ने शहरवासियों की सुरक्षा को गंभीर खतरे में डाल दिया है। गुरुवार को गुलमोहर पार्क के पास एक दूध कारोबारी पर आवारा कुत्तों ने हमला कर उसे बुरी तरह घायल कर दिया। इस घटना के बाद नागरिकों में असुरक्षा की भावना और बढ़ गई है। हालांकि, नगर निगम और संबंधित विभाग इस समस्या से निपटने में नाकामयाब नजर आ रहे हैं, जिसके चलते शहरवासियों के लिए यह खतरा लगातार बढ़ता जा रहा है।
फरीदपुर के गांव सहजनपुर हेतराम निवासी राकेश शर्मा बरेली शहर में दूध की आपूर्ति का कारोबार करते हैं। वे शहर के विभिन्न मिष्ठान भंडारों को भी दूध की सप्लाई करते हैं। गुरुवार को सुबह करीब दस बजे राकेश अपनी बाइक से दूध की आपूर्ति करके वापस जा रहे थे, तभी गुलमोहर पार्क के पास आवारा कुत्तों ने उन पर हमला कर दिया। कुत्तों के हमले से राकेश बाइक से गिर पड़े, और कुत्तों ने उन्हें पैर और पेट में काटकर लहूलुहान कर दिया। राकेश की दर्दनाक चीखें सुनकर आसपास के लोग लाठी-डंडों के साथ मौके पर पहुंचे और कुत्तों को भगाया, तब जाकर उनकी जान बची।
बताया जा रहा है कि इन कुत्तों में से एक पागल था। गंभीर रूप से घायल राकेश को तत्काल जिला अस्पताल पहुंचाया गया, जहां उन्हें त्वरित चिकित्सा दी गई। चिकित्सकों ने उन्हें कुल बारह इंजेक्शन लगाने की सलाह दी है।
यह घटना बरेली शहर में आवारा कुत्तों और जानवरों की बढ़ती संख्या पर सवाल खड़े करती है। नागरिकों का आरोप है कि नगर निगम और संबंधित अधिकारियों की लापरवाही के कारण यह समस्या दिन-ब-दिन बढ़ती जा रही है। अब तक शहर में इन जानवरों के नियंत्रण के लिए कोई ठोस कदम नहीं उठाए गए हैं, जिससे नागरिकों का जीवन लगातार खतरे में पड़ रहा है।
इस घटना ने यह स्पष्ट कर दिया है कि बरेली में आवारा कुत्तों और बंदरों से निपटने के लिए तत्काल कदम उठाने की आवश्यकता है। नागरिकों का मानना है कि अगर प्रशासन ने शीघ्र इस समस्या का समाधान नहीं किया, तो ऐसी घटनाएं और भी बढ़ सकती हैं।





