The Voice of Bareilly since 2010

उत्तर प्रदेश : लव जिहाद रोकने के लिए बेहद कठोर कानून बनेगा, गृह विभाग ने कानून विभाग को भेजा प्रस्ताव

लखनऊ। उत्तर प्रदेश में लव जिहाद के बढ़ते मामलों के बीच सरकार ने इस पर अंकुश लगाने के लिए बेहद कठोर कानून जल्द से जल्द बनाने की तैयारी शुरू कर दी है। गृह विभाग ने कानून विभाग को इस बाबत प्रस्ताव भेज दिया है। इस कानून के बनने के बाद आरोपित को कम से कम पांच वर्ष की सजा होगी और इस मामले में कहीं पर भी कोई सुनवाई नहीं होगी। आरोपित से काफी बड़ा जुर्माना भी वसूला जाएगा। यह गैर-जमानती अपराध होगा।

दरअसल, लव जिहाद प्रदेश में कानून व्यवस्था का मसला भी बन गया है। प्रदेश में कुछ समय से लगातार लव जिहाद के ऐसे मामले सामने आए हैं, जिनमें प्यार या विवाह के नाम पर धर्म परिवर्तन किया गया। कुछ ऐसे भी मामले सामने आए जिसमें युवक ने अपनी धार्मिक पहचान छिपाकर लड़की को प्रेम जाल में फंसाकर उससे विवाह कर लिया और उसके बाद धर्म परिवर्तन को लिए दबाव डालने लगा और ऐसा न करने पर लड़की को छोड़ दिया गया, जिसके बाद उसको कहीं से भी न्याय नहीं मिला।  

ऐसी किसी भी के सामने आने के बाद धरना-प्रदर्शन आम बात हो गए हैं। ऐसे में योगी आदित्यनाथ सरकार अब इस कानून को जल्द से जल्द बनाने की तैयारी में हैं। कानून बन जाने के बाद आरोपितों पर गैर जमानती धाराओं में मुकदमा दर्ज कर पांच वर्ष तक की कठोर सजा का भी प्रावधान किया जाएगा। शादी के लिए धर्मांतरण कराने वालों को भी सजा देने का प्रावधान होगा। इस कानून के बना जान के बाद जोर जबर्दस्ती या बलपूर्वक की गई शादी, धोखे से या पहचान छिपाकर की गई शादी को रद्द माना जायेगा। 

गौरतलब है कि मध्य प्रदेश में लव जिहाद के खिलाफ कानून बन चुका है। उत्तर प्रदेश के साथ ही हरियाणा सरकार ने इसकी प्रक्रिया शुरू कर दी है। उत्तर प्रदेश में प्रदेश में अब लव जिहाद पर कानून का मसौदा तैयार हो जाने पर इसको आगामी विधानसभा सत्र में “धर्म स्वातंत्रय कानून” के विधेयक के रूप पेश किया जाएगा।

आपको याद होगा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने पिछले दिनों ऐलान किया था कि राज्य में लव जिहाद के खिलाफ कानून बनेगा। उन्होंने विधानसभा उपचुनाव के दौरान रैली में  कहा था कि नाम और पहचान बदलकर बहन-बेटियों की इज्जत से खेलने सावधान हो जाएं वरना उनका “राम नाम सत्य होगा।”

कानून मंत्री ब्रजेश पाठक ने कहा कि इस तरह के मुद्दे राज्य के सांप्रदायिक सद्भाव को प्रभावित कर रहे थे, जिन्हें गंभीरता से लेने की आवश्यकता थी। जो लोग इस तरह के काम कर रहे हैं, उन्हें नाम बदलकर शादी करने और सामाजिक समरसता को बिगाड़ने की इजाजत नहीं होगी। सरकार ने पहले ही इसे कानून के रूप में लेने की योजना बनाई थी और प्रक्रिया शुरू हो गई है। मसौदा तैयार किया गया है और जल्द ही इसे सार्वजनिक डोमेन पर रखा जाएगा।

हज एवं अल्पसंख्यक राज्यमंत्री मोहसिन रजा ने कहा कि यह बड़ा कदम होगा। अब कोई भी व्यक्ति लव जेहाद करने से पहले हजार बार सोचेगा।

error: Content is protected !!