The Voice of Bareilly since 2010

बदायूं में हैवानियत का मुख्य आरोपित सत्य नारायण गिरफ्तार, गांव में ही छिपा था

बदायूं। उत्तर प्रदेश के बदायूं जिले के उघैती में महिला की सामूहिक दुष्कर्म के बाद हत्या की वारदात में मुख्य आरोपित महंत सत्य

नारायण को पुलिस ने गुरुवार रात करीब 11 बजे गिरफ्तार कर लिया। उसकी तलाश में पुलिस टीमें उत्तराखंड, बरेली, चंदौसी, कासगंज में दबिश देती रही थीं, जबकि वह उसी गांव में छिपा रहा। गुरुवार रात पुलिस को पता चला कि वह किसी चेले के घर में छिपा है।

पुलिस सूत्रों का दावा है कि महंत सत्यनारायण बहुत शातिर है। उसने दो महिलाओं से प्रेम संबंध की बात कुबूली है। गुरुवार देर रात तक कई दौर की पूछताछ में उसने सामूहिक दुष्कर्म और हत्या से इन्कार किया। उसने कहा आंगनबाड़ी कार्यकत्री की कुएं में गिरकर मौत हो गई थी।

महिला से सामूहिक दुष्कर्म व हत्या के मामले में लापरवाही पाए जाने पर उघैती के तत्कालीन एसओ राघवेंद्र प्रताप सिंह व हल्का दारोगा अमरजीत पर गुरुवार देर रात मुकदमा दर्ज करा दिया गया। दोनों पुलिसकर्मी सूचना के बावजूद रविवार को मौके पर नहीं पहुंचे थे। शासन से सख्ती होने के बाद गुरुवार देर रात एसएसपी के निर्देश पर दोनों के खिलाफ धारा 166 ए (महिला अपराध की सूचना के बावजूद तत्परता न बरतना, सही धाराओं में तुरंत रिपोर्ट दर्ज नहीं करना।) के तहत मुकदमा दर्ज किया गया। एडीजी अविनाश चंद्र ने बताया कि जांच के लिए जोन स्तर पर भी चार सदस्यीय टीम गठित कर दी गई है। तत्कालीन एसओ और एक दारोगा पर मुकदमा दर्ज कराया गया है। दोनों ने सूचना के बावजूद लापरवाही बरती। 

रविवार को उघैती क्षेत्र के एक गांव में रहने वाली आंगनबाड़ी सहायिका धर्मस्थल में पूजा करने गई थीं। वहीं महंत सत्यनारायण, उसके साथी वेदराम और जसपाल ने महिला के साथ दुष्कर्म किया। महिला के निजी अंगों को लोहे की राड से चोट पहुंचाई। अधिक रक्तस्राव होने से उसकी मौत हो गई थी। मंगलवार को पोस्टमार्टम रिपोर्ट में इसकी पुष्टि होने के बाद मुकदमा दर्ज किया गया। बुधवार को वेदराम और जसपाल को गिरफ्तार कर लिया गया।

error: Content is protected !!