दिवाली की रोशनी अब विश्व मंच पर यूनेस्को ने दीपावली को अमूर्त सांस्कृतिक विरासत घोषित किया। भारतीय परंपरा, आध्यात्मिकता और एकता का वैश्विक सम्मान!
रोशनी का त्योहार दिवाली, जो बुराई पर अच्छाई की विजय और प्रभु राम जी के अयोध्या लौटने की आनंद-कथा का प्रतीक है, अब #UNESCO की अमूर्त सांस्कृतिक विरासत (Intangible Cultural Heritage of Humanity) सूची में शामिल हो चुका है। यह निर्णय, आदरणीय प्रधानमंत्री श्री @narendramodi जी के नेतृत्व में हमारी सांस्कृतिक मूल्यों और परंपराओं को अंतरराष्ट्रीय सम्मान दिलाता है।
@UNESCO ने दीपावली पर्व को इंटैन्जिबल कल्चरल हेरिटेज यानी अमूर्त विश्व धरोहर की सूची में किया शामिल।

भारत और दुनिया भर के लोग बहुत खुश हैं।हमारे लिए, दीपावली हमारी संस्कृति और रीति-रिवाजों से बहुत करीब से जुड़ी हुई है। यह हमारी सभ्यता की आत्मा है। यह रोशनी और नेकी का प्रतीक है। दीपावली को UNESCO की इनटैन्जिबल हेरिटेज लिस्ट में शामिल करने से इस त्योहार की दुनिया भर में लोकप्रियता और बढ़ेगी।प्रभु श्री राम के आदर्श हमेशा हमारा मार्गदर्शन करते रहें : प्रधानमंत्री@narendramodi









